अलीगढ़ मीडिया डिजिटल, अलीगढ़| थाना हरदुआगंज तहसील कोल अंर्तगत गांव सपेरा भानपुर के गांव में गाटा संख्या 480/2 रकवा 2.2700 है0 पैतृक जीतेन्द्र सिंह की जमीन है। छुटटा पशुओं द्वारा फसल में नुकसान करने के चलते जीतेन्द्र ने अपने खेत की तारबंदी कराकर धान की फसल बो रखी है। इसी जमीन के निकट गाटा संख्या 481 रकवा 0.2020 व गाटा संख्या 488 रकवा 0.2070 है0 सरकार की आरक्षित जमीन है। इस जमीन के लिए कोई रास्ता नहीं होने के बावजूद ग्राम पंचायत ने पिछले दिनों गाटा संख्या 481 को अंबेडकर पार्क व गाटा संख्या 488 को जाटव बिरादरी के मरघट के रूप में प्रस्तावित कर दिया था। प्रस्ताव के बाद जाटव बिरादरी के लोग इस जमीन को अपने समाज की बताते हुए यहां बुर्जी बिटौरा रखने के साथ दाह संस्कार करने लगे। जो अब तक शिकायतकर्ता के खेत की मेंड पर होकर निकलते आ रहे थे। अब आगामी दिनों में प्रधानी का चुनाव है, इसी के चलते कुछ असमाजिक तत्व गांव में सक्रिय हैं।
घटना दिनांक 31.7.2026 की है, गांव के ही रमेश जाटव के बेटे जीतू की आकस्मिक मृत्यु होने पर 1.8.2026 की दोपहर को मरघट में दाहसंस्कार के लिए ले गए थे। जहां साथ में गए असमाजिक तत्व जानबूझकर विवाद की मंशा से मेरे खेत में होकर रास्ता निकालने की कहते हुए खेत में लगे पोल व तारों को उखाड़ने का प्रयास करने लगे। जीतेन्द्र ने मौक़े पर पहुंचकर पोल व तार उखाड़कर धान की फसल नष्ट करने से मना किया तो विपक्षी पुलिस के सामने ही मुझे गालियां व धमकी देते हुए मारपीट पर उतारू होने लगे।
जहां शिवकुमार पुत्र जदवीर, जयपाल पुत्र घूरेलाल, मोहन पुत्र भगवंत, दीपक पुत्र विजय, संजू पुत्र पूरन सिंह, बॉबी पुत्र कन्हैई सिंह, ओमवीर पुत्र सन्नू, मनोज पुत्र दीनानाथ, धमेंद्र पुत्र. जय सिंह आदि ने मेरे खेत से पोल व तारों को तोड़कर फसल में होकर मरघट तक पहुंचकर दाह संस्कार किया। जहां विपक्षी पूरे पोल व तारो को उखाड़कर जबरन खेत में होकर रास्ता निकालने एवं झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी देकर गए थे। 1.8.2026 की रात को उक्त लोगों ने इरादतन 10 पोल व करीब 250 फिट लंबे तारों को गिराकर मेरे खेत की करीब एक बीघा धान की फसल को नष्ट कर दिया है।

