"..किसी भी खबर पर आपत्ति के लिए हमें ई-मेल से शिकायत दर्ज करायें"

महिला थानों में पीड़ित महिलाओं की तुरन्त दर्ज की जाए रिपोर्ट: प्रतिभा शुक्ला


अलीगढ मीडिया डॉट कॉम, अलीगढ़। शासकीय योजनाओं को धरातल पर लागू कर पात्र व्यक्तियों को लाभान्वित कराने के लिये स्थानीय जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों के बीच आपसी सामंजस्य व समन्वय आवश्यक है। मा0 मुख्यमंत्री जी मंशा है कि विभागीय अधिकारियों व स्थानीय जनप्रतिनिधियों के आपसी तालमेल से जनसमस्याओं व शिकायतों का त्वरित एवं गुणवत्तापरक निस्तारण कराया जाए। जनप्रतिनिधियों के साथ संवादहीनता की स्थिति न रहे, यह सुनिश्चित किया जाए। मासिक समन्वय बैठक की तिथि निर्धारित करते हुए उसमें जनप्रतिनिधियों एवं विभागीय अधिकारियों को आमंत्रित किया जाए। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में जनप्रतिनिधियों के सुझावों को शामिल करते हुए मा0 सांसद जी अध्यक्षता में प्रतिमाह स्मार्ट सिटी एडवाइजरी फोरम की बैठक आहुत कराई जाए।


          उक्त निर्देश मा0 मंत्री नगर विकास, शहरी समग्र विकास, नगरीय रोजगार एवं गरीब उन्मूलन, ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत विभाग उत्तर प्रदेश श्री ए0के0 शर्मा जी ने कलैक्ट्रेट सभागार में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, पुलिस-प्रशासनिक एवं अधिकारियों के साथ बैठक में दिये। उन्होंने कहा कि  विद्युत विभाग में निचले स्तर पर प्राप्त शिकायतों पर गंभीरता से संज्ञान लेते हुए उनको दूर किया जाए। पुलिस का व्यवहार जनप्रतिनिधियों व जनता से मधुर रहे, थाने एवं चौकी में आने वाले शिकायतकर्ताओं से सही ढ़ंग से उनकी बात सुनी जाए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों व समस्याओं के निराकरण मंें टैक्नोलॉजी के उपयोग से भ्रष्टाचार को काफी हद तक दूर किया जा सकता है।


          मा0 राज्यमंत्री महिला कल्याण बाल विकास एवं पुष्टाहार श्रीमती प्रतिभा शुक्ला ने कहा कि महिला थानों में दहेज या अन्य किसी समस्या से पीड़ित महिलाओं की तुरन्त रिपोर्ट दर्ज की जाए। महिलाओं को न्याय के लिये इधर-उधर भटकना न पड़े, उन्हें त्वरित न्याय मिले। महिलाओं की सुरक्षा व सम्मान का पूरा ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि मा0 मुख्यमंत्री जी की पहल पर अधिकारी आंगनबाड़ी केन्द्रों को गोद लें, इससे एक नई शुरूआत होगी और राष्ट्र को एक नई ताकत मिलेगी।


          ठा0 श्यौराज सिंह ने अवगत कराया कि बेहतर जलनिकासी व्यवस्था के लिये क्वार्सी-सिंधौली एवं पीएसी-सिंधौली नाले की तलीझाड़ सफाई करते हुए नेचुरल ढ़ाल दिये जाने की बात कही। मा0 छर्रा विधायक ठा0 रवेन्द्रपाल सिंह ने कहा कि विद्युत कनेक्शन हो गये हैं परन्तु अभी तक मीटर नहीं लगाए गये हैं जिससे उपभोक्ताओं को मीटर लगने पर एकमुश्त बिल अदा करने में समस्या होगी। स्कूलों के ऊपर से विद्युत लाइनें हटाई जाएं और ट्रासफार्मस की क्षमता में वृद्धि की जाए। उन्होंने नगर निगम के वार्ड 71 में नियमित रूप से साफ-सफाई न किये जाने की भी बात कही। मा0 विधायक कोल श्री अनिल पाराशर ने कहा कि धरातल पर जनसमस्याओं का समाधान कराया जाए। आवासीय क्षेत्रों से जर्जर एलटी व एचटी लाइनों को प्राथमिकता से हटाया जाए। नये परिसीमन के बाद नगर-निगम में शामिल हुए 18-20 ग्रामों में बुनियादी सुविधाओं को प्राथमिकता से पूरा किया जाए। नगर निगम, स्मार्ट सिटी या अन्य कार्यदायी संस्थाओं द्वारा लेआउट एवं कार्य से सम्बन्धित सूचना स्थल पर ही डिस्पले की जाए। नगर निगम में कार्यों का वितरण सही ढ़ंग से किया जाए एक ही अधिकारी द्वारा विभिन्न पटलों के कार्य किये जा रहे हैं। उन्होंने निचले स्तर पर पुलिस विभाग में सुधार कराने की बात कही।


          मा0 शहर विधायक मुक्ता संजीव राजा ने त्वरित विकास कार्यों के शुरू न कराये जाने पर नाराजगी प्रकट करते हुए कहा कि गत कार्यकाल के कार्य अभी तक शुरू नहीं कराए गये हैं। पूरा शहर अस्त व्यस्त है और पेयजल की समस्या से जूझ रहा है। पथ प्रकाश की भी समुचित व्यवस्था नहीं है। उन्होंने ए टू जैड प्लांट के समय से कूड़ा उठान, यूक्रेन से लौटे विद्यार्थियों एवं साथा चीनी मिल की भी समस्या उठाई। मा0 विधायक इगलास श्री राजकुमार सहयोगी ने जनपद मथुरा की सीमा से लगे सूरजा करौली गॉव में पेयजल, गॉव में कुछ लोगों के विद्युत बिल जमा न होने पर पूरे गॉव की बिजली काटने, गोरई क्षेत्र में नवीन थाने की स्थापना, नगर पंचायत इगलास व बेसवां में अपात्रों को डूडा आवास दिये जाने एवं क्षेत्र में रोस्टर के अनुसार निर्बाध विद्युत सप्लाई की ओर ध्यान आकृष्ट कराया। एमएलसी चौ0 ऋषिपाल सिंह आबादी क्षेत्र एवं स्कूलों से एचटी लाइन को हटाने के बारे में अवगत कराते हुए कहा कि विद्युत विभाग वही कार्य दुर्घटनाओं के उपरान्त कैसे कर देता है। मा0 सांसद श्री सतीश गौतम ने कहा कि निचले स्तर पर आउटसोर्सिंग पर तैनात कर्मचारी ही समस्याओं की मूल हैं। उन्होंने पीटीए मार्ग पर रोड किनारे बने विद्युत पोल एवं तोड़े गये 29 यात्रीशेड को दोबारा न बनाये जाने की ओर ध्यान आकृष्ट कराते हुए कहा कि यूटिलिटी शिफ्टिंग के लिये सरकार द्वारा पैसा भी दिया जाता है। उन्होंले 67 किलोमीटर लम्बाई में 552 करोड़ लागत से बने पीटीए मार्ग की गुणवत्ता पर प्रश्न चिन्ह लगाया जिस पर मंत्री जी ने विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिये। उन्होंने मीट फैक्ट्रियों में अवैध कटान रोकने के लिये पशुओं को ले जाने वाले गेट पर सीसीटीवी लगाने का भी सुझाव दिया।


          वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कलानिधि नैथानी ने बताया कि जनपद में प्रभावी कानून व्यवस्था के लिये 4 नये थानों का सृजन किया गया है। छर्रा में नये सर्किल का गठन कराते हुए जनपद में तैनात चारो सीओ को उनके क्षेत्रों में बैठाया जा रहा है। सभी थाना एवं चौकी प्रभारियों को सीयूजी नम्बर दिये गये हैं। अपराधियों एवं माफियाओं की एक अरब से अधिक की सम्पत्ति जब्त की गयी है जिसमें 75 करोड़ शराब माफियों से वसूले गये हैं।


          एमडी दक्षिणांचल विद्युत निगम अमित किशोर ने बताया कि जनपद में 3-4 भीषण ऑधी तूफान के बावजूद बाधित विद्युत सप्लाई को तुरन्त सुचारू किया गया। उन्होंने बताया कि जर्जर लाइनों एवं ट्रासफार्मरों के प्रतिस्थापन के लिये 54 हजार करोड़ रूपये की परियोजनों को भारत सरकार द्वारा मंजूरी दी गयी है जिसमें केन्द्र व प्रदेश सरकार द्वारा आधा-आधा बजट दिया जाएगा। प्रथम चरण में बड़े ग्रामों को इस योजना में शामिल करते हुए पब्लिक बिल्डिंग के ऊपर से लाइनों की शिफ्टिंग की जाएगी।


          नगर आयुक्त गौरांग राठी ने कहा कि शहर में सीवेज व्यवस्था नहीं है खुले नालों व पम्प के माध्यम से जल निकासी की व्यवस्था है। वर्तमान में 195 किलोमीटर के नालों की 70 प्रतिशत सफाई करा दी गयी है। बड़े नालों को स्मार्ट सिटी के तहत कोकलेन मशीन के माध्यम से साफ कराया जा रहा हैै। गूलर रोड स्थित 2.5 किमी के नाले की सफाई पूर्ण हो गयी है। उन्होंने बताया कि पेयजल की समस्या से ग्रसित 19 स्थानों पर डीप बोरिंग एवं रीबोर कराया जा रहा है। बैठक में आवारा गौवंशों की समस्या, प्रत्येक सोमवार को होने वाली विद्युत जनसुनवाई के व्यापक प्रचार-प्रसार, आंगनबाड़ी केन्द्रों के गोद लिये जाने, प्राथमिक विद्यालयों के जर्जर भवनों के पुनर्निर्माण, अमृत सरोवरों का मनरेगा के माध्यम से निर्माण पर भी विस्तार से विचार-विमर्श कर आवश्यक दिशा निर्देश दिये गये।


          जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने कहा कि उनके लिये सौभाग्य की बात है कि पुराना जिला उन्हें फिर से मिला है। वह जनपद की भौगोलिक स्थिति से अच्छे से वाकिफ हैं। इससे शासन की मंशा के अनुरूप विकास कार्यों को मूर्त रूप देने में आसानी होगी। उनकी कोशिश होगी कि जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों के बीच कम्युनिकेशन गैप को दूर किया जाए। दोनों का ही कार्य जनता की सेवा करना है। आपके सुझाव महत्वपूर्ण है। बैठक मंे सामने आये मुद््दों को जिला समन्वय समिति की बैठक में रखा जाएगा।


          इस अवसर पर सीडीओ अंकित खण्डेलवाल, समस्त एडीएम, एसडीएम, जनपदस्तरीय अधिकारी, एमएलसी डा0 मानवेन्द्र प्रताप सिंह, नगर अध्यक्ष विवेक सारस्वत जिला महामंत्री शिव नारायण शर्मा समेत अन्य जनप्रतिनिधिगण उपस्थित रहे।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.