अलीगढ मीडिया डिजिटल, अलीगढ़। अलीगढ़ नगर निगम में इन दिनों फर्जीवाडे का खेल खुलेआम हो रहा है। नगर निगम पोर्टल और मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर नगर निगम में गंदगी, सफाई की शिकायत पोस्ट करने पर नगर निगम अलीगढ़ के जिम्मेदार अधिकारी बिना समस्या को दूर किए फर्जी रिपोर्ट "सफाई करा दी गई है" लगा कर शिकायत बंद कर दी जाती है और शिकायत करने वाले की आपत्ति को देखा भी नहीं जाता।
वहीं मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर दर्ज होने वाली शिकायतों को शिकायतकर्ता के फर्जी हस्ताक्षर करके बंद कर दिया जाता है। इस विषय पर प्रतीक चौधरी एडवोकेट ने नगर आयुक्त अलीगढ़ को एक विधिक नोटिस उनके कार्यालय में दिनांक 17 फरवरी 2026 को रिसीव करवाया है साथ ही पूछा है कि बताएं आपके विरुद्ध इस धोखाधड़ी के विरुद्ध क्यों ना रिपोर्ट दर्ज करायी जाए।
प्रतीक चौधरी एडवोकेट ने नगर आयुक्त को दिए नोटिस में कहा है कि उनके घर के आस पास बहुत गंदगी रहती है। नाली में कचरा और कीचड़ भरा रहता है। इसके कारण नाली में कीड़े उत्पन्न हो गए हैं जिनसे उनकी बेटी मनी की तबियत खराब हो गई जो 2 फरवरी से अभी उपचाराधीन है। ये सब नगर निगम की नाकामी को दर्शाता है क्योंकि इस गंदगी और कीड़ों की शिकायत नगर निगम व मुख्यमंत्री पोर्टल पर की गई हैं । जिनमें नगर निगम पोर्टल पर शिकायतें जबरन बन्द कर दी गईं जबकि उन्होंने आपत्तिया की।
मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर की गई शिकायतों को निगम के अधिकारी फर्जी फीड बैक व शिकायतकर्ता के फर्जी हस्ताक्षर लगाकर शिकायत को बंद कर देते है और शासन को भी धोखा देकर अपना फर्जी गुड वर्क सोशल मीडिया के द्वारा दिखा कर सरकार और जनता दोनों को गुमराह कर रहे हैं।
प्रतीक चौधरी एडवोकेट ने नगर आयुक्त को दिए नोटिस में कहा है कि आप नोटिस प्राप्ति के 15 दिन के अंदर स्पष्ट करें कि आपके विरुद्ध क्यों ना विधिक कार्यवाही अमल में लाई जाए। उनका कहना है कि 15 दिन में नगर आयुक्त ने शिकायतों के फर्जी निस्तारण और शिकायत कर्ता के फर्जी हस्ताक्षर करने पर कोई ठोस कार्यवाही नहीं की तो वे इस विषय पर कानूनी कार्यवाही करेंगे।

