बैठक में योजना के अंतर्गत प्राप्त एवं लंबित आवेदनों की विस्तृत समीक्षा की गई। संयुक्त आयुक्त उद्योग ने सभी बैंक अधिकारियों को निर्देशित किया कि पात्र युवाओं के आवेदनों का निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि अधिकाधिक युवाओं को स्वरोजगार स्थापित करने का अवसर मिल सके।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी पहल है, जिसका उद्देश्य युवाओं को रोजगार मांगने वाला नहीं बल्कि रोजगार देने वाला बनाना है। योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए उद्योग विभाग एवं बैंकिंग संस्थाओं के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है। उन्होंने बैंकर्स से आवेदनों के परीक्षण, स्वीकृति एवं ऋण वितरण की प्रक्रिया में तेजी लाने का आह्वान किया।
बैठक में निर्णय लिया गया कि लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा की जाएगी और पात्र आवेदकों को समयबद्ध लाभ उपलब्ध कराने के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करेंगे। अधिकारियों ने योजना के लक्ष्यों को पूर्ण करने तथा अधिकाधिक युवाओं को लाभान्वित करने के लिए प्रतिबद्धता व्यक्त की।

