अलीगढ़ मीडिया डिजिटल, अलीगढ़ । राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण संगठन (NACO) के निर्देशानुसार उत्तर प्रदेश राज्य एड्स नियंत्रण सोसाइटी (UPSACS) एवं पब्लिक हेल्थ फाउंडेशन ऑफ इंडिया (PHFI) के संयुक्त तत्वावधान में जिला स्वास्थ्य अधिकारियों के लिए जिला स्तरीय प्रशिक्षण-सह-संवेदीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) कार्यालय, अलीगढ़ के सभागार में आयोजित हुई।
कार्यशाला में ये अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में जिले के वरिष्ठ स्वास्थ्य अधिकारियों ने प्रतिभाग किया -
• डॉ. आर. एन. सिंह - मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) • डॉ. अमित शर्मा - उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी (Deputy CMO) • डॉ. दिनेश खत्री - जिला क्षय रोग अधिकारी / एसीएमओ (DTO/ACMO) • डॉ. एस. के. जैन - अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (ACMO) • डॉ. बी. के. राजपूत - अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (ACMO) • डॉ. राहुल शर्मा - उप जिला क्षय रोग अधिकारी (Deputy DTO) मास्टर ट्रेनर्स ने दिया प्रशिक्षण
प्रशिक्षण सत्र में मास्टर ट्रेनर डॉ. मनीष शर्मा, PHFI से कैपेसिटी बिल्डिंग एक्सपर्ट श्री विराट नागर, कैपेसिटी बिल्डिंग ऑफिसर श्री नीरज श्रीवास्तव तथा DISHA टीम से क्लस्टर प्रोग्राम मैनेजर Ms. शाइस्ता परवीन और DMDO Ms. रिजवाना ने विभिन्न विषयों पर मार्गदर्शन दिया।
कार्यशाला का उद्देश्य
कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य चिकित्सा अधिकारियों को राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण कार्यक्रम (NACP) के उद्देश्यों, रणनीतिक प्राथमिकताओं और जिला स्तर पर प्रभावी क्रियान्वयन की अद्यतन जानकारी देना था|
HIV/AIDS की वर्तमान स्थिति, 95-95-99 लक्ष्य, जिला स्तर की HIV महामारी, NACP की संरचना, DACO, DISHA, MAS, HIV एवं STI स्क्रीनिंग, परामर्श एवं परीक्षण सेवाएं, STI/सिफलिस प्रबंधन, EVTHS, ART, TB-HIV सह-संक्रमण, वायरल लोड मॉनिटरिंग, U=U अवधारणा, High Risk Groups (HRGs), Targeted Interventions (TIs), OST तथा समुदाय आधारित रोकथाम सेवाएं, जैसे बिन्दुओ पर इसमें चर्चा हुई।
इसके साथ ही प्रतिभागियों को HIV & AIDS (Prevention and Control) Act, 2017 के कानूनी प्रावधानों और भेदभाव रोकथाम व अधिकार-आधारित दृष्टिकोण की भी जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण को अधिक प्रभावी बनाने के लिए केस स्टडी, प्रेजेंटेशन, समूह चर्चा और प्रैक्टिकल गतिविधियों का उपयोग किया गया।
कार्यशाला के अंत में पोस्ट-ट्रेनिंग असेसमेंट और फीडबैक लिया गया। प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण को उपयोगी और व्यावहारिक बताया। अधिकारियों ने कहा कि इससे जिला स्तर पर HIV की रोकथाम, शीघ्र पहचान, जांच, उपचार, ART से जोड़ने और रेफरल-फॉलोअप सिस्टम को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
इस पहल से अलीगढ़ जिले में 95-95-99 लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में प्रयासों को और गति मिलने की उम्मीद है।

